पिछले कई प्रकार के indirect taxes जैसे वैरायटी ऑफ प्रीवियस इनडायरेक्ट टैक्स, सर्विस टैक्स, परचेज टैक्स, एक्साइज ड्यूटी आदि को बदल कर उनके स्थान पर 1 जुलाई, 2017 को एक कर (जीएसटी) लागू किया गया. जीएसटी लागू होने से पूरे देश में एक वस्तु का मूल्य एक समान हो गया है. अर्थात किसी पार्टिकुलर कंपनी की घड़ी की कीमत यदि जम्मू कश्मीर में ₹500 है, तो केरल में उसी घड़ी की कीमत ₹500 ही होगी.
जिन व्यवसाय का कुल कारोबार सलाना 40 लाख रुपए या उससे अधिक है, तो उन्हें जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य है. यह रजिस्ट्रेशन लिमिट पहले 20 लाख रुपए थी. जीएसटी 2017 के तहत रजिस्ट्रेशन करवाने के लिए उत्तर पूर्वी राज्य सहित, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू कश्मीर के लिए कुल कारोबार 10 लाख रुपए हैं.
जीएसटी नंबर क्या होता है?
जीएसटी नंबर एक 15 अंक की एक संख्या होती है, जिसे (Goods & Services Tax Identification Number) GSTIN भी कहते है. GST Portal पर रजिस्ट्रेशन करने पर यह नंबर GSTN के द्वारा प्रदान किया जाता है.
15 अंक में पहले दो अक्षर राज्य के (State Code) होते है, लास्ट के 3 अक्षर मशीन के द्वारा बनाई गई एक यूनिक कोड होता है और बीच का 10 अंक पैन कार्ड का होता है. जीएसटी नंबर उन लोगो को लेना जरूरी होता है जो लोग बिजनेसमैन, सर्विस प्रोवाइडर या मैन्युफैक्चरर है, और उनका कुल टर्नओवर तय सीमा तक या उससे अधिक है.
जीएसटी नंबर कैसे ले: जीएसटी नंबर प्राप्त करने हेतु अप्लाई करने की तरीके
GST नंबर प्राप्त करने के लिए अधिकारिक वेबसाइट से ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर आवेदन करना पड़ता है. यदि आप भी जीएसटी नंबर लेना चाहते है, तो निचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो कर सकते है.
स्टेप 1. जीएसटी नंबर लेने के लिए पहले GST पोर्टल gstindia.gov.in पर जाए. अधिकारिक वेबसाइट के होम पेज से register now के विकल्प पर क्लिक करे.
स्टेप 2. अब New Registration पर क्लिक करे.
स्टेप 3. इसके बाद एक पेज ओपन होगा, उस पेज से व्यवसाय के प्रकार पर क्लिक करे.
स्टेप 4. अब बिजनेस का नाम और पता दर्ज करे.
स्टेप 5. इसके बाद बिजनेस शुरू होने का दिनांक और वार्षिक व्यवसाय को दर्ज करे.
स्टेप 6. पुनः आधार कार्ड और पैन कार्ड की जानकारी और स्कैन किया हुआ डाक्यूमेंट्स अपलोड करे.
स्टेप 7. आपके बिज़नस से रजिस्टर्ड बैंक डिटेल्स दर्ज करे.
स्टेप 8. डिस्क्लेमर को स्वीकार कर Proceed पर क्लिक करे.
स्टेप 9. इसके बाद रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी पर एक OTP आएगा. उस को OTP इंटर कर Proceed बटन पर क्लिक करे.
Note: जीएसटी नंबर प्राप्त करने के सारे प्रोसेस अब पूरे हो चुके है. इसके बाद आपके एप्लीकेशन को रिव्यू किया जाएगा. अप्रूवल मिलने के बाद जीएसटी नंबर जारी कर दिया जाएगा. जीएसटी नंबर जारी होने में 2 से 3 दिन का समय लगता है. एक बार जीएसटी नंबर जारी हो जाता है, तो इसे अपने बिजनेस में प्रयोग कर सकते है.
जीएसटी नंबर क्यों ले: जीएसटी नंबर लेना क्यों जरूरी है?
एक बिजनेसमैन, किसी प्रोडक्ट के निर्माता या सर्विस प्रोवाइडर को जीएसटी नंबर लेना अनिवार्य है. क्योंकि, यदि उनका टर्नओवर निर्धारित राशि से 40 लाख रूपये से अधिक है.
जीएसटी नंबर सर्टिफिकेट लेने से जीएसटी के नियमों का पालन और कर निगम के साथ टैक्स भुगतान करने में आसानी होती हे. जीएसटी नंबर के साथ व्यापारिक स्वतंत्रता भी मिलती है, जिससे व्यापारी अपना व्यवसाय बढ़ा सकता है.
ध्यान दे: किसी भी बिजनेस के लिए जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराना आवश्यक है. कोई भी बिजनेस या ऑर्गनाइजेशन जीएसटी के तहत रजिस्ट्रेशन किए बिना अपना कारोबार नही कर सकते है. यदि बिना जीएसटी के बिज़नस करते है, तो सरकार द्वारा आपपर जुर्माना लगाया जा सकता है. क्योंकि, यह टैक्स चोरी के श्रेणी में आएगा.
जीएसटी नंबर लेने के फायदे
जीएसटी नंबर लेने के कई सारे फायदे है जैसे:
- बिजनेस को कानूनी मान्यता
- एक समान तरीके से टैक्स का हिसाब सरल बनाना
- जीएसटी नियम के तहत आने वाले सभी लाभों का लाभ प्राप्त करना
- व्यापारिक स्वतंत्रता
- जीएसटी के तहत टैक्स में छुट
- सरकारी दस्तावेज प्राप्त करने में जीएसटी की छुट, आदि
जीएसटी नंबर लेने के लिए जरूरी डाक्यूमेंट्स
जीएसटी नंबर लेने के लिए इन डाक्यूमेंट्स की आवश्यकता होती है जैसे:
- आधार कार्ड
- पैन कार्ड
- पासपोर्ट साइज फोटो
- प्रमोटरों के एड्रेस
- आईडी प्रूफ
- बैंक डिटेल्स
- रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट
- डिजिटल सिग्नेचर
- व्यवसाय का नाम
- व्यवसाय का प्रकार
- व्यवसाय के शुरुआत की तिथि
- व्यवसाय का वार्षिक कारोबार
जीएसटी नंबर लेने में कितना फीस लगता है?
GST नंबर लेने के लिए किसी प्रकार का कोई फीस नही लगता है. क्योंकि, सरकार द्वारा किसी भी तरह का शुल्क निर्धारित नहीं है. यदि आप खुद से ऑनलाइन पोर्टल पर जीएसटी रजिस्ट्रेशन करते है, तो भी कोई शुल्क नही लगेगा.
लेकिन यदि जीएसटी लेने के लिए किसी एक्सपर्ट या संसथान का मदद लेते है, तो जीएसटी रजिस्ट्रेशन के लिए 2,000 से 5,000 तक का फीस लग सकता है. क्योंकि, यह फीस उनका अपना होता है. यदि आप सक्षम है, तो उपरोक्त प्रक्रिया को फॉलो कर जीएसटी रजिस्ट्रेशन बिना कोई शुल्क दिए खुद से कर सकते है.
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जीएसटी नंबर लेने से जुड़े प्रश्न: FAQs
जीएसटी पंजीकरण के लिए प्रारंभिक सीमा सामान बेचने वाले व्यवसाय के लिए 40 लाख रुपए या उससे अधिक होने चाहिए. और वही पूर्वोत्तर और पहाड़ी राज्यों में कुल कारोबार 20 लाख रूपये या उससे अधिक होने चाहिए. सेवा प्रदाताओं के लिए यह सीमा 20 लाख रुपए है. पूर्वोत्तर और पहाड़ी राज्यों में कुल कारोबार 10 लाख रूपये या उससे अधिक है.
, जीएसटी पंजीकरण व्यक्तिगत और व्यावसायिक व्यक्तियों के लिए अनिवार्य है. विशेष रुप से मान्यता प्राप्त व्यवसाय और जिनका कुल कारोबार तय राशि से अधिक है, तो ऐसे करदाता के लिए पंजीकरण अनिवार्य हो जाता है.
हां, जीएसटी पंजीकरण शून्य शुल्क पर किया जा सकता है. यह व्यक्ति के व्यापार और कुल कारोबार के आधार पर निर्धारित होता है.
जीएसटी रजिस्ट्रेशन के बाद GST नंबर लगभग 3 दिनों में मिल जाता है. यदि रजिस्ट्रेशन के दौरान किसी प्रकार की कोई प्रॉब्लम होती है, तो जीएसटी नंबर मिलने में समय लग सकता है.